अररिया : डॉ. राम चंद्र प्रसाद, माननीय मंत्री, पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग सह प्रभारी मंत्री, अररिया जिला द्वारा आज जिला अंतर्गत विभिन्न पंचायतों में आयोजित “सहयोग शिविर” कार्यक्रम में भाग लिया गया। यह कार्यक्रम बिहार सरकार द्वारा आम नागरिकों की समस्याओं के त्वरित निष्पादन एवं पारदर्शी प्रशासनिक व्यवस्था सुनिश्चित करने के उद्देश्य से संचालित किया जा रहा है।
इससे पूर्व माननीय मंत्री, महोदय का अररिया आगमन पर जिला अतिथि गृह में पुष्पगुच्छ से स्वागत किया गया। साथ ही उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर भी प्रदान किया गया। इस अवसर पर जिला पदाधिकारी श्री विनोद दोहन सहित माननीय जन प्रतिनिधि गण उपस्थित थे।
सहयोग शिविर कार्यक्रम की शुरुआत हाँसा पंचायत भवन परिसर में माननीय मंत्री महोदय एवं जिला पदाधिकारी द्वारा वृक्षारोपण कार्यक्रम में भाग लेकर किया गया। आयोजित शिविर में माननीय मंत्री महोदय ने आमजनों से सीधे संवाद स्थापित कर उनकी समस्याओं, शिकायतों एवं आवश्यकताओं को गंभीरतापूर्वक सुना तथा संबंधित अधिकारियों को प्राप्त आवेदनों के त्वरित एवं गुणवत्तापूर्ण निष्पादन का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि यदि किसी व्यक्ति की समस्या का समाधान संबंधित विभाग द्वारा नहीं किया जाता है अथवा उसकी शिकायत नहीं सुनी जाती है, तो वह सहयोग शिविर या सहयोग पोर्टल के माध्यम से आवेदन करें। आवेदन के 30 दिनों के भीतर समाधान अथवा जवाब देना संबंधित पदाधिकारी की जिम्मेदारी है, अन्यथा संबंधित पदाधिकारी के विरुद्ध भी कार्रवाई की जाएगी।
इसके उपरांत भरगामा प्रखंड अंतर्गत कुशमौल पंचायत भवन में आयोजित सहयोग शिविर का माननीय मंत्री महोदय द्वारा निरीक्षण किया गया, जहाँ उपस्थित लोगों की समस्याओं के शीघ्र निष्पादन का आश्वासन दिया गया। तत्पश्चात फारबिसगंज प्रखंड के सहबाजपुर पंचायत में आयोजित सहयोग शिविर का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान शिविर में ऑनलाइन एवं ऑफलाइन माध्यम से दिए गए आवेदनों की समीक्षा भी की गई। साथ ही शिविर में उपस्थित नागरिकों को सहयोग पोर्टल एवं सहयोग शिविर की उपयोगिता के संबंध में विस्तृत जानकारी दी गई तथा उन्हें जागरूक किया गया कि पंचायत, प्रखंड, थाना अथवा किसी भी सरकारी कार्यालय में यदि उनकी समस्याओं का समाधान नहीं हो रहा है, तो वे सहयोग पोर्टल अथवा सहयोग शिविर में आवेदन देकर अपनी समस्याओं का समाधान प्राप्त कर सकते हैं।
माननीय मुख्यमंत्री, बिहार के मार्गदर्शन में प्रारंभ किए गए इस सहयोग शिविर का आयोजन प्रत्येक माह के प्रथम एवं तृतीय मंगलवार को जिले के पंचायतों में संबंधित पदाधिकारियों की उपस्थिति में किया जाना निर्धारित है। आम नागरिक सहयोग पोर्टल अथवा पंचायत स्तर पर आयोजित शिविर में आवेदन देकर 30 दिनों के भीतर अपनी समस्या का समाधान प्राप्त कर सकते हैं।
